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आज · शुक्ल एकादशी · चन्द्र कुंभ में · अगली पूर्णिमा 26 अक्टूबर 2026 हिंदी · अंग्रेज़ी · पूरे भारत में

कुंडली मिलान · अष्टकूट · 36 गुण

दो कुंडलियाँ, पूरे 36 गुणों पर मिलान।

दोनों का जन्म विवरण दें। हमारा इंजन दोनों चन्द्रमाओं को आठों कूटों पर मिलाता है, दोनों का मांगलिक विचार करता है, और दोनों कुंडलियाँ साथ-साथ बनाता है, हिंदी या अंग्रेज़ी में।

आपका कुंडली मिलान 8 कूट, दोनों कुंडलियाँ, एक PDF हिंदी या अंग्रेज़ी · दोनों का मांगलिक विचार

इस समय का आकाश

निरयण स्थिति (लाहिड़ी), हमारे अपने इंजन से। हर कुछ मिनट में ताज़ा।

☉︎सूर्य ♎︎ तुला 4°
☽︎चंद्र ♒︎ कुंभ 11°
♂︎मंगल ♋︎ कर्क 19°
☿︎बुध ♎︎ तुला 26°
♃︎गुरु ♋︎ कर्क 28°
♀︎शुक्र ♎︎ तुला 7° वक्री
♄︎शनि ♓︎ मीन 15° वक्री
☊︎राहु ♒︎ कुंभ 3°
☋︎केतु ♌︎ सिंह 3°

कुंडली मिलान

अपने विवरण से शुरुआत

पहले अपनी जन्म तिथि, सही समय और स्थान, फिर आपके साथी का। हम किसी की जानकारी नहीं बेचते; आप इसे कभी भी डाउनलोड या हटा सकते हैं।

☉☽♂☿♃♀♄☊☋

कुंडली मिलान, चरण 1/2: आपका अपना जन्म विवरण। इसके बाद साथी का।

आपका जन्म कहाँ हुआ था?

कृपया अपना जन्म स्थान बताएँ, न कि जहाँ आप अभी रहते हैं।

या अपना जन्म स्थान खोजें

या क्रम से चुनें: देश राज्य ज़िला कस्बा / गाँव
मेरा गाँव सूची में नहीं है
  1. अपने जाने-पहचाने सबसे नज़दीकी कस्बे को चुनें (ऊपर खोजें), फिर बताएँ कि वह कितनी दूर और किस दिशा में है:
  2. नक्शे पर खुद पिन लगाएँ।
  3. अक्षांश-देशांतर लिखें (यदि आपके पास हैं):
    दक्षिणी अक्षांश और पश्चिमी देशांतर ऋणात्मक (माइनस) संख्या होते हैं।

जन्म तिथि

जन्म समय

जन्म स्थान का स्थानीय समय डालें। AM / PM जाँच लें।

:
AM / PM

आधी रात के बाद जन्म? 16 मई को रात 12:30 (AM) का जन्म 16 मई ही माना जाता है।

यह समय कितना सही है?

यह कुंडली किसकी है?

अपना विवरण सेव करें

अपना खाता बनाएँ, ताकि यह विवरण दोबारा कभी न लिखना पड़े।

कम से कम 8 अक्षर।

पहले से खाता है? साइन इन करें

कृपया अपना जन्म विवरण तैयार रखें: जन्म स्थान, तिथि और सही समय।

आपका विवरण जितना पूरा और सही होगा, परिणाम उतने ही सटीक होंगे।

वह स्थान चुनें जहाँ आपका जन्म हुआ था, न कि जहाँ आप अभी रहते हैं।

यह 20 किमी के भीतर सही होना चाहिए।

नहीं मिल रहा? सबसे नज़दीकी कस्बा चुनें या नक्शे पर पिन लगाएँ।

नक्शे को बड़ा करें और पिन को अपने जन्म स्थान पर खिसकाएँ। फिर सेव करें दबाएँ।

रात 12 बजे के बाद जन्म हुआ? अगली तारीख चुनें।

जन्म स्थान का स्थानीय समय डालें। AM / PM जाँच लें।

कुंडली मिलान कैसे होता है

01 / 04 · जन्म के दो क्षण

मिलान दोनों से शुरू होता है: हर एक के जन्म की तिथि, समय और स्थान।

02 / 04 · दो चन्द्रमा, दो नक्षत्र

हमारा इंजन हर चन्द्रमा की स्थिति आर्कसेकंड तक निकालता है, और वह नक्षत्र व राशि जिसमें वह था।

03 / 04 · आठ कूट

वर्ण से नाड़ी तक, दोनों चन्द्रमाओं की आठ तरह से तुलना, हर कूट के अपने गुण।

04 / 04 · गुण, और कुंडलियाँ

36 में से कुल गुण, दोनों का मांगलिक विचार, और दोनों की लग्न व नवांश कुंडली, एक PDF में।

वर्णवश्यतारायोनिमैत्रीगणभकूटनाड़ी31.536 में से
नमूना मिलान · आरव और प्रिया · 36 में से 31.5

अंदर की एक झलक

कुंडली मिलान के असली पन्ने

ये पन्ने एक नमूना मिलान के हैं। आपका मिलान आप दोनों के जन्म विवरण के आधार पर तैयार होता है।

गुण मिलान पूरा पन्ना देखें
01गुण मिलानआठों कूट और हर कूट के गुण, 36 में से कुल, और दोनों का मांगलिक विचार।
दोनों की लग्न कुंडली पूरा पन्ना देखें
02दोनों की लग्न कुंडलीहर व्यक्ति का जन्म विवरण और D1 कुंडली, साथ-साथ।
दोनों की नवांश कुंडली पूरा पन्ना देखें
03दोनों की नवांश कुंडलीविवाह के लिए देखी जाने वाली D9 कुंडली, हर व्यक्ति की।

हम क्या मिलाते हैं

आपके कुंडली मिलान में क्या शामिल है

01 · गुण

  • वर्ण, वश्य, तारा और योनि
  • ग्रह मैत्री: चन्द्र राशि के स्वामी
  • गण: देव, मनुष्य या राक्षस
  • भकूट और नाड़ी, सबसे भारी दो कूट
  • 36 में से कुल गुण, उसकी श्रेणी के साथ

02 · दोष

  • नाड़ी दोष: एक ही नाड़ी
  • भकूट दोष: 2/12, 5/9 या 6/8 चन्द्र राशियाँ
  • गण दोष
  • दोनों का मांगलिक, लग्न से और चन्द्र से

03 · कुंडलियाँ

  • दोनों का जन्म विवरण, साथ-साथ
  • हर व्यक्ति की लग्न कुंडली (D1)
  • हर व्यक्ति की नवांश कुंडली (D9)
  • हर एक की चन्द्र राशि, नक्षत्र और चरण

04 · आपकी PDF

  • हिंदी या अंग्रेज़ी
  • जाँच के लिए कुंडली ID और QR कोड
  • दोनों के लिए आपके डैशबोर्ड पर सहेजा
  • अनुरोध पर हमारे ज्योतिषी का व्यक्तिगत विचार

गुण उत्तर भारत में प्रचलित अष्टकूट तालिकाओं से, बिना परिहार के गिने जाते हैं। परिहार हमारे ज्योतिषी पढ़ते हैं, सॉफ़्टवेयर अनुमान नहीं लगाता।

OfficialAstrology™

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सटीक गणना, ईमानदार मार्गदर्शन।

यथा शिखा मयूराणां नागानां मणयो यथा ।
तद्वद्वेदाङ्गशास्त्राणां गणितं मूर्धनि स्थितम् ॥

जैसे मोर की शिखा और नाग की मणि सबसे ऊपर होती है, वैसे ही वेदांग शास्त्रों में गणित सबसे ऊपर स्थित है। (लगध का वेदांग ज्योतिष)

  • 8 कूट
  • दोनों का मांगलिक
  • दोनों की D1 और D9
  • जाँच-योग्य PDF
हमारा अपना इंजन
हर कूट हमारे अपने बनाए और परखे सॉफ़्टवेयर से निकलता है, किसी से ख़रीदा नहीं।
दोनों परिवार, एक PDF
हिंदी या अंग्रेज़ी में वही PDF, ताकि सब एक ही अंक पढ़ें।
न डर, न दबाव
व्यक्तिगत मार्गदर्शन वैकल्पिक है। किसी उपाय, वस्तु या सेवा को खरीदना अनिवार्य नहीं है। किसी दोष से हम कभी किसी को डराते नहीं।
जाँच-योग्य
हर PDF पर एक कुंडली ID होती है, जिसे कोई भी जाँच सकता है।

सटीकता, जिसे आप जाँच सकते हैं

मिलान उतना ही सही है, जितने सही दोनों चन्द्रमा।

हर कूट चन्द्रमा के नक्षत्र और राशि से पढ़ा जाता है, और चन्द्रमा सबसे तेज़ चलता है। हमारी गणना NASA JPL के DE440 एफ़ेमेरिस से आती है, जिसे स्विस एफ़ेमेरिस से मिलाकर जाँचा गया है, जो खगोलीय गणना का एक अंतरराष्ट्रीय मानक है।

2″
500 परीक्षण कुंडलियों में ग्रह स्थिति का अधिकतम अंतर, चन्द्रमा सहित।
13°20′
एक नक्षत्र का विस्तार। उसकी सीमा के पास, जन्म समय के कुछ मिनट मिलान तय करते हैं।
लाहिड़ी
चित्रपक्ष अयनांश, भारत के राष्ट्रीय पंचांग का मानक।
1850+
1850 से अब तक के जन्म, हर स्थान के पुराने समय-क्षेत्र के साथ, भारत में और विदेश में।

चन्द्रमा एक दिन में लगभग 13° चलता है, यानी लगभग एक दिन में एक नक्षत्र और सवा दो दिन में एक राशि पार करता है। सीमा के पास, जन्म समय के कुछ मिनट तारा, योनि, गण और नाड़ी एक साथ बदल सकते हैं, इसलिए सही समय ज़रूरी है। उसी समय से हमारा इंजन चन्द्रमा की स्थिति आर्कसेकंड तक निकालता है, यानी एक अंश का 3,600वाँ भाग।

हर कुंडली मिलान PDF की एक कुंडली ID होती है। हमारी किसी भी PDF को जाँच पेज पर परखें। कुंडली जाँचें

गुणों से आगे

पहले गुण। ज़रूरत हो तो एक ज्योतिषी।

  1. 1.

    गणना

    दोनों कुंडलियाँ और आठों कूट, कुछ ही सेकंड में तैयार। PDF तुरंत डाउनलोड करें।

  2. 2.

    प्रश्न

    अपने डैशबोर्ड से हमारे ज्योतिषी से मिलान के बारे में पूछें, या उसमें दिखे किसी दोष के बारे में।

  3. 3.

    विचार

    ज्योतिषी दोनों पूरी कुंडलियाँ पढ़ते हैं, पारंपरिक परिहार, सातवाँ भाव और नवांश सहित।

हमारे ज्योतिषी भारतीय समय सुबह 9 से रात 9 बजे तक, हर दिन काम करते हैं।

कुंडली मिलान करें

कुंडली मिलान, जिसे गुण मिलान या अष्टकूट मिलान भी कहते हैं, विवाह से पहले दो जन्म कुंडलियों की तुलना है। ये इसके हिस्से हैं, उसी क्रम में जिसमें ज्योतिषी इन्हें पढ़ते हैं।

संक्षेप में: कुंडली मिलान दो लोगों के चन्द्र नक्षत्र और राशि की आठ कूटों पर तुलना है, जिनके कुल 36 गुण हैं। परंपरा में 18 या अधिक गुण स्वीकार्य माने जाते हैं। नाड़ी और भकूट का भार सबसे अधिक है, मांगलिक दोनों का देखा जाता है, और किसी निर्णय से पहले ज्योतिषी पूरी कुंडलियाँ पढ़ते हैं।

01कुंडली मिलान क्या है

अष्टकूट पद्धति में दोनों व्यक्तियों के चन्द्र नक्षत्र और राशि की आठ कूटों पर तुलना होती है। हर कूट के तय गुण हैं, वर्ण के 1 से नाड़ी के 8 तक, कुल 36। चन्द्रमा इसलिए लिया जाता है क्योंकि वह मन का कारक है: मिलान देखता है कि दो मन कैसे मिलते हैं।

02आठ कूट

हर कूट विवाहित जीवन के एक पहलू को देखता है। केवल कुल नहीं, हर कूट के गुण पढ़ें।

वर्ण · 1
दृष्टिकोण और काम का ढंग
वश्य · 2
आपसी आकर्षण और प्रभाव
तारा · 3
दोनों जन्म नक्षत्रों का तालमेल
योनि · 4
स्वाभाविक, शारीरिक अनुकूलता
ग्रह मैत्री · 5
चन्द्र राशि स्वामियों की मित्रता
गण · 6
स्वभाव: देव, मनुष्य, राक्षस
भकूट · 7
दोनों चन्द्र राशियों की स्थिति: परिवार और समृद्धि
नाड़ी · 8
परंपरा में प्रकृति और संतान पक्ष से जोड़ा जाता है

03गुणों का अर्थ

गुण आधे-आधे में गिने जाते हैं, इसलिए कुल 24.5 या 31.5 भी हो सकता है। परंपरा में 18 से 24.5 गुण सामान्य मिलान, 25 से 32.5 अच्छा मिलान और 33 से 36 बहुत अच्छा मिलान माना जाता है। 18 से कम गुण साधारण माने जाते हैं, और तब दोनों पूरी कुंडलियाँ सबसे अधिक मायने रखती हैं। ऊँचा कुल नाड़ी या भकूट दोष को नहीं ढकता, और कम कुल अपने आप में फ़ैसला नहीं है।

04नाड़ी: सबसे भारी कूट

हर नक्षत्र तीन नाड़ियों में से एक का होता है: आदि नाड़ी, मध्य नाड़ी या अंत्य नाड़ी। जब दोनों की नाड़ी एक हो, तो नाड़ी को 8 में से 0 गुण मिलते हैं और इसे नाड़ी दोष कहते हैं। परंपरा नाड़ी को प्रकृति और संतान पक्ष से जोड़ती है; यह शास्त्रीय विचार है, चिकित्सा की राय नहीं। परंपरा इसके स्पष्ट अपवाद देती है, जैसे एक राशि पर अलग नक्षत्र, या एक नक्षत्र पर अलग चरण या राशि, जिन्हें हमारे ज्योतिषी विचार से पहले जाँचते हैं।

05भकूट: दोनों चन्द्र राशियों की स्थिति

एक चन्द्र राशि से दूसरी तक गिनें। जब दोनों एक-दूसरे से 2/12, 5/9 या 6/8 पर हों, तो भकूट को 7 में से 0 गुण मिलते हैं। जब दोनों चन्द्र राशियों का स्वामी एक हो, या स्वामी मित्र हों, तो परंपरा इस दोष को परिहृत मानती है। इसे हमेशा ग्रह मैत्री के साथ पढ़ें, अकेले नहीं।

06मांगलिक, शांति से

जब मंगल पहले, दूसरे, चौथे, सातवें, आठवें या बारहवें भाव में हो, तो कुंडली मांगलिक कहलाती है। यह बहुत सामान्य है: लग्न और चन्द्र दोनों से गिनें तो बड़ी संख्या में कुंडलियाँ इसमें आती हैं। जब दोनों मांगलिक हों, तो परंपरा इसे संतुलित मानती है। आपकी PDF दोनों का विचार, लग्न से और चन्द्र से, दिखाती है; परिहार हमारे ज्योतिषी पढ़ते हैं।

07नाम से मिलान या जन्म विवरण से

जब जन्म समय पता न हो, तो परिवार कभी-कभी नाम के पहले अक्षर से मिलान करते हैं, जिससे नाम नक्षत्र और राशि मिलती है। यह केवल मोटा अनुमान है। जन्म तिथि, समय और स्थान से मिलान हर व्यक्ति के असली चन्द्रमा का उपयोग करता है, और हम वही गणना करते हैं।

0836 गुणों से आगे

गुण मिलान केवल दोनों चन्द्रमाओं की तुलना करता है। पूरा विचार सातवें भाव और उसके स्वामी, शुक्र और गुरु, दोनों के नवांश (D9), और विवाह के आसपास चल रही दशाओं को भी देखता है। इसीलिए आपकी PDF में दोनों की लग्न और नवांश कुंडली है, ज्योतिषी के पढ़ने के लिए तैयार।

प्रश्न

लोग हमसे क्या पूछते हैं

शादी के लिए कितने गुण मिलने चाहिए?

परंपरा में 36 में से 18 गुण स्वीकार्य न्यूनतम है। गुण आधे-आधे में गिने जाते हैं: 18 से 24.5 सामान्य, 25 से 32.5 अच्छा और 33 से 36 बहुत अच्छा। गुण एक पहलू है; नाड़ी, भकूट और मांगलिक इसके साथ पढ़े जाते हैं।

क्या जन्म तिथि से कुंडली मिलान हो सकता है?

हाँ, साथ में जन्म समय और स्थान भी। ऊपर दिए फ़ॉर्म में दोनों का विवरण भरें; मिलान कुछ ही सेकंड में होता है, और PDF डाउनलोड के लिए तैयार रहती है।

क्या केवल नाम से कुंडली मिलान हो सकता है?

नाम से मिलान नाम के पहले अक्षर से नक्षत्र का अनुमान लगाता है। यह केवल मोटा अनुमान है। जन्म विवरण से मिलान हर व्यक्ति के असली चन्द्रमा का उपयोग करता है, और हम वही गणना करते हैं।

नाड़ी दोष क्या है?

जब दोनों के चन्द्र नक्षत्र एक ही नाड़ी (आदि नाड़ी, मध्य नाड़ी या अंत्य नाड़ी) के हों, तो नाड़ी को 8 में से 0 गुण मिलते हैं। परंपरा में इसके स्पष्ट अपवाद हैं, जैसे एक राशि पर अलग नक्षत्र, जिन्हें हमारे ज्योतिषी जाँचते हैं।

भकूट दोष क्या है?

जब दोनों चन्द्र राशियाँ एक-दूसरे से 2/12, 5/9 या 6/8 पर हों, तो भकूट को 7 में से 0 गुण मिलते हैं। अगर दोनों राशियों का स्वामी एक हो, या स्वामी मित्र हों, तो परंपरा इसे परिहृत मानती है।

क्या किसी स्थिति में नाड़ी दोष परिहृत होता है?

हाँ। शास्त्रों में एक राशि पर अलग नक्षत्र, एक नक्षत्र पर अलग राशि, या एक नक्षत्र पर अलग चरण होने पर इसे परिहृत माना गया है। हमारे ज्योतिषी आपकी दोनों कुंडलियों के लिए इन्हें पढ़ते हैं।

क्या मांगलिक का विवाह गैर-मांगलिक से हो सकता है?

बहुत से लोग करते हैं। मांगलिक बहुत सामान्य है और इसके कई पारंपरिक परिहार हैं, मंगल की राशि से लेकर दूसरी कुंडली तक। आपकी PDF दोनों का विचार दिखाती है; हमारे ज्योतिषी इसे पूरा पढ़ सकते हैं।

मांगलिक लग्न से देखा जाता है या चन्द्र से?

दोनों से। हम दोनों व्यक्तियों के लिए मंगल का भाव लग्न से और चन्द्र से गिनते हैं, और चारों परिणाम दिखाते हैं।

दोनों के कौन-से विवरण चाहिए?

हर व्यक्ति की जन्म तिथि, जन्म का सही समय और जन्म स्थान। समय इसलिए ज़रूरी है क्योंकि चन्द्रमा लगभग हर दिन नक्षत्र बदलता है।

अगर किसी का जन्म समय ठीक से पता न हो तो?

अपना सबसे अच्छा अनुमान दें। गुण केवल चन्द्रमा से निकलते हैं, इसलिए जब चन्द्रमा अपने नक्षत्र और राशि दोनों की सीमा से दूर हो तो गुण आमतौर पर वही रहते हैं। लग्न, नवांश और लग्न से मांगलिक विचार समय पर निर्भर हैं और बदल सकते हैं। हमारी जन्म समय शोधन सेवा जीवन की घटनाओं से संभावित समय का अनुमान लगा सकती है; यह अनुमान है, दर्ज समय नहीं।

क्या ज़्यादा गुण मिलना काफ़ी है?

अपने आप में नहीं। भकूट दोष के साथ 26 गुणों को, बिना किसी दोष के 22 गुणों से अधिक विचार चाहिए। हर कूट के गुण पढ़ें, फिर दोनों कुंडलियाँ।

अगर 18 से कम गुण मिलें तो?

साधारण गुण ध्यान से देखने को कहते हैं, फ़ैसला नहीं। ज्योतिषी मिलान पर कुछ कहने से पहले दोनों कुंडलियों में सातवाँ भाव, नवांश और परिहार पढ़ते हैं।

आप कौन-सी मिलान पद्धति उपयोग करते हैं?

उत्तर भारत में प्रचलित अष्टकूट (गुण मिलान) पद्धति, लाहिड़ी अयनांश के साथ। गुण वैसे ही हैं जैसे गिने जाते हैं; परिहार हमारे ज्योतिषी पढ़ते हैं।

मिलान चन्द्रमा से ही क्यों होता है?

चन्द्रमा मन और भावनाओं का कारक है, और उसका नक्षत्र स्वभाव बताता है। गुण मिलान दोनों चन्द्रमाओं की तुलना करता है; कुंडली का बाकी हिस्सा अलग से पढ़ा जाता है।

क्या कुंडली मिलान हिंदी में मिल सकता है?

हाँ। पेज और PDF दोनों हिंदी और अंग्रेज़ी में उपलब्ध हैं, ताकि दोनों परिवार एक ही अंक पढ़ सकें।

क्या एक साथी का जन्म भारत के बाहर हुआ हो तो भी मिलान हो सकता है?

हाँ। दुनिया का कोई भी जन्म स्थान चुनें; हम उस तिथि के लिए सही पुराना समय-क्षेत्र और डेलाइट सेविंग लागू करते हैं।

क्या हमारा जन्म विवरण निजी है?

हाँ। हम किसी का जन्म विवरण नहीं बेचते। साथी को उनकी अनुमति से जोड़ें; अपने खाते से आप अपना डेटा डाउनलोड कर सकते हैं या हटा सकते हैं, और बाकी विवरण हमारी गोपनीयता नीति में है।

क्या मैं अपने मिलान के बारे में ज्योतिषी से पूछ सकता हूँ?

हाँ। अपने डैशबोर्ड से मिलान के बारे में सवाल भेजें या व्यक्तिगत परामर्श माँगें; ज्योतिषी दोनों सहेजी हुई कुंडलियाँ देखते हैं।

कुंडली मिलान

दो कुंडलियाँ, मिलने को तैयार।

कुंडली मिलान करें